शिवपुरी। शिवपुरी कृषि उपज मंडी के सचिव रामकुमार शर्मा के निलंबन के बाद प्रशासनिक शून्य ने जिले की कृषि व्यवस्था को हिला कर रख दिया है। शिवपुरी, बैराड़ और खतौरा तीनों कृषि उपज मंडियों में कामकाज लगभग पूरी तरह ठप हो गया है। मंडी सचिव की आईडी बंद होने और किसी नए अधिकारी को चार्ज न दिए जाने से खरीदी गई उपज का वैरीफिकेशन नहीं हो पा रहा, गेटपास नहीं बन रहे और लाखों रुपए का माल मंडी परिसर में ही फंसा हुआ है।
स्थिति यह है कि व्यापारी माल खरीदने के बावजूद उसे अपने खाते में नहीं दिखा पा रहे, जबकि बिना गेटपास माल मंडी से बाहर ले जाना नियमों के तहत संभव नहीं है। ऐसे में व्यापारियों ने खरीद रोक दी है और मंडियों में सन्नाटा पसर गया है। इसका सीधा असर किसानों पर पड़ा है, जो दूर-दराज से फसल लेकर मंडी पहुंचे, लेकिन सौदा नहीं हो सका।
बैराड़ मंडी पूरी तरह बंद, किसान लौटे खाली हाथ
मंडी सचिव के निलंबन के बाद सबसे ज्यादा असर बैराड़ कृषि उपज मंडी में देखने को मिला। व्यापारियों द्वारा खरीदा गया माल बाहर नहीं जा पाने से शुक्रवार को बैराड़ मंडी पूरी तरह बंद रखी गई। शनिवार को भी मंडी बंद रहने की जानकारी सामने आई है। मंडी बंद होने से किसान भारी परेशान हुए और कई किसानों को बिना माल बिके वापस लौटना पड़ा।
खतौरा मंडी में भी व्यापार ठप
खतौरा कृषि उपज मंडी का अतिरिक्त प्रभार भी निलंबित सचिव के पास होने के कारण वहां भी स्थिति जस की तस है। सचिव की आईडी न होने से यहां भी वैरीफिकेशन और गेटपास प्रक्रिया पूरी तरह रुकी हुई है, जिससे व्यापार ठप हो गया है।
सोमवार से बढ़ेगी सरसों की आवक, संकट और गहराएगा
व्यापारियों का कहना है कि मौसम साफ होते ही सरसों की कटाई तेज हो गई है और सोमवार से मंडियों में सरसों की आवक बढ़ने की पूरी संभावना है। फिलहाल फसल गीली आ रही है, इसलिए व्यापारी तत्काल बिक्री करते हैं। अगर मंडी सचिव की आईडी चालू नहीं हुई तो न व्यापारी माल खरीद पाएंगे और न ही किसान अपनी उपज बेच सकेंगे, जिससे संकट और गहराएगा।
ये बोले कलेक्टर
“व्यापारियों और किसानों की समस्या को गंभीरता से लिया गया है। जल्द ही उचित कार्रवाई कर मंडी सचिव की आईडी चालू करवाई जाएगी, ताकि व्यवस्था सामान्य हो सके।”
— रवीन्द्र कुमार चौधरी, कलेक्टर शिवपुरी