राजनीतिक हलचल-ज्योतिरादित्य सिंधिया या प्रियदर्शिनी राजे के ग्वालियर आने से हड़बड़ाई भाजपा अब नई तुरूप चल सकती है, यह तुरूप है पूर्व मंत्री नारायण सिंह कुशवाह। नारायण सिंह कुशवाह को अपने कुशवाह समाज के लिये रोल मॉडल माना जाता है। कुशवाह समाज के अकेले ग्वालियर अंचल में ही ढाई लाख से अधिक आबादी है।
भाजपा के आलाकमान विशेषकर राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रभात झा राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय और पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की तिकडी ने पूर्व मंत्री नारायण सिंह कुशवाह की तुरूप चलने की प्लानिंग की है। ताकि ग्वालियर संसदीय क्षेत्र की बयार बदली जा सके। इस मामले में वैसे नारायण सिंह कुशवाह काफी लकी रहे हैं, उन्होने अपने पहले चुनाव में ही पूर्व मंत्री व अपने गुरू भगवानसिंह यादव को हराकर सनसनी फैला दी थी। और पहली बार में ही राज्य सरकार में मंत्री बन गये थे।
भाजपा के आलाकमान विशेषकर राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रभात झा राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय और पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की तिकडी ने पूर्व मंत्री नारायण सिंह कुशवाह की तुरूप चलने की प्लानिंग की है। ताकि ग्वालियर संसदीय क्षेत्र की बयार बदली जा सके। इस मामले में वैसे नारायण सिंह कुशवाह काफी लकी रहे हैं, उन्होने अपने पहले चुनाव में ही पूर्व मंत्री व अपने गुरू भगवानसिंह यादव को हराकर सनसनी फैला दी थी। और पहली बार में ही राज्य सरकार में मंत्री बन गये थे।
बाद में भले ही मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान व अन्य नेताओं की उपेक्षा के वह शिकार हुये, लेकिन उनकी सादगी व व्यवहार ग्वालियर के आम लोगों को भाता है। आज भी वह अपनी आलू की आढ़त की दुकान पर मंडी में बैठते हैं। नारायण सिंह के साथ-साथ पूर्व मंत्री जयभान सिंह पवैया, यशोधरा राजे सिंधिया, माया सिंह, पूर्व साडा अध्यक्ष जयसिंह कुशवाह के नामों पर भी विचार मंथन पार्टी में जारी है।

