भोपाल/नई दिल्ली। कांग्रेस संगठन में लंबे समय से लंबित नियुक्तियों को लेकर अब तेजी दिखाई देने लगी है। राहुल गांधी की सख्त फटकार और संगठनात्मक समीक्षा के बाद प्रदेश में जिला व विभिन्न प्रकोष्ठों की नियुक्तियों की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। इसी क्रम में सागर, छिंदवाड़ा और मऊगंज जिलों की जिला कार्यकारिणी की घोषणा कर दी गई है।
प्रदेश कांग्रेस नेतृत्व के अनुसार, नई कार्यकारिणियों में संगठनात्मक संतुलन के साथ अनुभव और युवाओं के समन्वय पर विशेष ध्यान दिया गया है। पार्टी का उद्देश्य आगामी चुनावी चुनौतियों को देखते हुए जमीनी स्तर पर संगठन को मजबूत करना और निष्क्रिय इकाइयों में सक्रियता लाना है।
घोषित कार्यकारिणियों में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, पिछड़ा वर्ग, महिला एवं युवा कांग्रेस सहित विभिन्न प्रकोष्ठों को भी प्रतिनिधित्व दिया गया है, ताकि सभी वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित हो सके। पार्टी सूत्रों का कहना है कि यह नियुक्तियां केवल औपचारिक नहीं हैं, बल्कि जिम्मेदारी के साथ कार्य करने वाले पदाधिकारियों को आगे लाने की रणनीति का हिस्सा हैं।
कांग्रेस नेतृत्व ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि जिन जिलों और प्रकोष्ठों में प्रदर्शन कमजोर रहेगा, वहां आगे भी बदलाव किए जा सकते हैं। वहीं, जल्द ही अन्य जिलों की कार्यकारिणी की घोषणा की संभावना भी जताई जा रही है।
पार्टी नेताओं का कहना है कि राहुल गांधी की फटकार के बाद संगठन में अनुशासन और जवाबदेही को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि कांग्रेस को फिर से मजबूती के साथ जनता के बीच स्थापित किया जा सके।